हे मेरे bhakt उठो ! मेरी सेवा का भार स्वीकार करो और मेरे ghaata mehndipur धाम की जो झूठी बातें फैली हुई है लोगों में की यहाँ के प्रसाद को घर नहीं लाना चाहिए ये शंका लोगों के मन से दूर करो!!
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