बिहार के नेता तभी दिखते हैं जब चुनाव आता है… लेकिन जब बिहार जल रहा होता है, तब ये कहां होते हैं? 😡 आज सच्चाई सामने आएगी!" जब बिहार में चुनाव होते हैं, तब सारे नेता मुँह उठाकर बिहार चले आते हैं। लेकिन जब बिहार में खुलेआम पेपर लीक होते हैं, और जब छात्र इसका विरोध करते हैं, तब उन्हें खुलेआम मारा जाता है — तब ये कहां होते हैं? जब बिहार में बाढ़ के कारण लाखों लोग बेघर हो जाते हैं, तब ये कहां होते हैं? जब बिहार के मज़दूर दूसरे राज्यों में मारे-पीटे जाते हैं, तब ये कहां होते हैं? लेकिन सच्चाई ये है कि इसमें सिर्फ नेताओं की गलती नहीं है — हमारी बिहार की जनता भी कम दोषी नहीं है। इन्हें अच्छे से पता है कि ये नेता बिहार के साथ क्या कर रहे हैं, फिर भी कुछ पैसों और दारू के लिए अपने नौजवानों का भविष्य बेच देते हैं। अगर अभी भी हम नहीं जागे, तो हर चुनाव के बाद यही चक्र दोहराया जाता रहेगा। ये सच्चाई आपको कोई न्यूज़ चैनल नहीं दिखाएगा… इसलिए इस वीडियो को अंत तक देखिए!"
