Sai baba khte hai "नींद होय ऐसा व्यसन, भक्ति बन्द कराय। जागन से भक्ति सधे, भगवान भजन कराय।।" Matalab अगर इंसान को ज़्यादा नींद (आलस) की आदत लग जाए, तो वो भक्ति नहीं कर पाता। लेकिन अगर वह जागता है और सचेत रहता है, तो भगवान का भजन अच्छे से कर सकता है। "साईंबाबा ही सदा, शयन नहीं कर पाय। जगों जगत के वास्ते, निद्रा कैसे लाय।।" Sai baba apne bhakton ke liye जागरूक रहते हैं, वे कभी नहीं सोते। क्योंकि उन्हें दुनिया के लोगों का ध्यान रखना होता है, इसलिए वे सो नहीं सकते। "श्री सदगुरु साईनाथार्पणमस्तु । शुभं भवतु ।" Bolo om sai ram 🙏